उत्तराखंड

महिलाओं और किशोरी बालिकाओं के लिए स्वच्छता सुविधाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल

उत्तरकाशी – उत्तरकाशी जनपद के दुर्गम एवं पर्वतीय क्षेत्रों में महिलाओं और किशोरी बालिकाओं के लिए स्वच्छता सुविधाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के अंतर्गत ‘प्रोजेक्ट आरोग्य – उत्तरकाशी’ का सफल क्रियान्वयन अपर जिलाधिकारी मुक्ता मिश्रा एवं परियोजना निदेशक ग्राम्य विकास अजय सिंह की मौजदूगी में विकास भवन परिसर में किया गया।

यह परियोजना ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉरपोरेशन लिमिटेड (ONGC) के CSR सहयोग से तथा समारंभ फाउंडेशन द्वारा जिला प्रशासन के समन्वय में लागू की गई।

प्रोजेक्ट आरोग्य के अंतर्गत उत्तरकाशी जिले के आठ शासकीय संस्थानों में स्वचालित सेनेटरी पैड वेंडिंग मशीन, सुरक्षित एवं पर्यावरण-अनुकूल इन्सिनरेटर तथा एक वर्ष की सेनेटरी पैड आपूर्ति उपलब्ध कराई गई है। यह पहल विशेष रूप से उन क्षेत्रों में लागू की गई है, जहाँ भौगोलिक दुर्गमता के कारण मासिक धर्म स्वच्छता से जुड़ी सुविधाओं तक पहुंच सीमित रही है। इन सुविधाओं के माध्यम से महिलाओं और किशोरी बालिकाओं को सुरक्षित, सुलभ एवं सम्मानजनक स्वच्छता संसाधन उपलब्ध हो सकेगें ।

यह परियोजना राजकीय इंटर कॉलेज हर्षिल, राजकीय माध्यमिक विद्यालय झाला, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज भटवाड़ी, राजकीय इंटर कॉलेज मनेरी, मेजर मनीष राजकीय इंटर कॉलेज कोटियालगांव, राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज उत्तरकाशी, आंगनवाड़ी केंद्र सुक्की भटवाड़ी तथा वन स्टॉप सेंटर (विकास भवन लदाड़ी) में सफलतापूर्वक लागू की गई है। इन संस्थानों में स्थापित सुविधाएँ छात्राओं, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, तकनीकी संस्थानों की प्रशिक्षार्थियों तथा महिलाओं के लिए नियमित उपयोग में लाई जा रही हैं।

समारंभ फाउंडेशन इससे पूर्व भी उत्तरकाशी जनपद में धाराली क्लाउडबर्स्ट आपदा के दौरान राहत एवं पुनर्वास कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा चुका है। स्थानीय परिस्थितियों की गहरी समझ और प्रशासन के साथ निरंतर समन्वय के आधार पर फाउंडेशन द्वारा क्षेत्र में स्वास्थ्य, आपदा राहत एवं सामाजिक सहायता से जुड़े हस्तक्षेप किए जाते रहे हैं।

मासिक धर्म स्वच्छता महिलाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा और सामाजिक सहभागिता से सीधे जुड़ा विषय है। प्रोजेक्ट आरोग्य के माध्यम से न केवल स्वच्छता संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित हुई है, बल्कि सुरक्षित निस्तारण की व्यवस्था भी विकसित की गई है, जिससे स्वास्थ्य जोखिमों में कमी और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिल सके ।

समारंभ फाउंडेशन ने यह भी संकेत दिया है कि वह आने वाले समय में उत्तरकाशी जिले में शिक्षा एवं आजीविका संवर्धन से जुड़े कार्यक्रमों पर कार्य करने की योजना बना रहा है, ताकि स्थानीय समुदायों के लिए दीर्घकालिक और टिकाऊ विकास के अवसर सृजित किए जा सकें।

यह पहल यह दर्शाती है कि CSR सहयोग, जिला प्रशासन और सामाजिक संस्थाओं के संयुक्त प्रयासों से दुर्गम क्षेत्रों में भी प्रभावी और टिकाऊ सामाजिक परिवर्तन संभव है।

कार्यक्रम के दौरान अपर परियोजना निदेशक ग्राम्य विकास अजय सिंह, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी शार्दुल ठाकुर, जिला कार्यक्रम अधिकारी यशोदा बिष्ट, समारंभ फाउंडेशन के संस्थापक मयंक खंतवाल आदि मौजूद रहे l

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!