भारतीय जनता पार्टी पूरे देश में 25 जून के दिन को ‘संविधान हत्या दिवस’ के रूप में मनाया
उत्तरकाशी – भारतीय जनता पार्टी ने पूरे देश में 25 जून के दिन को ‘संविधान हत्या दिवस’ के रूप में मनाया। वर्ष 1975 में लागू किए गए आपातकाल की 50वीं वर्षगांठ है।
इस अवसर पर भाजपा जिला कार्यालय ज्ञानसू में जिला अध्यक्ष नागेंद्र चौहान की अध्यक्षता में इमरजेंसी के दिनों को याद किया गया।
इमरजेंसी के दिनों को याद करते हुए कई बातें जिलाध्यक्ष नागेंद्र ने कही उन्होंने कहा भारत के लोकतांत्रिक इतिहास के सबसे काले अध्यायों में से एक, आपातकाल लागू होने के पचास साल पूरे हो गए है।
भाजपा के लोग इस दिन को ‘संविधान हत्या दिवस’ के रूप में मनाते हैं।
इस दिन, भारतीय संविधान के मूल्यों को दरकिनार कर दिया गया, मौलिक अधिकारों को निलंबित कर दिया गया, प्रेस की आज़ादी को ख़त्म कर दिया गया और कई राजनीतिक नेताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं, छात्रों और आम नागरिकों को जेल में डाल दिया गया ऐसा लग रहा था जैसे उस वक्त सत्ता में बैठी कांग्रेस सरकार ने लोकतंत्र को गिरफ़्तार कर लिया हो।
कोई भी भारतीय कभी नहीं भूल पाएगा कि किस तरह से हमारे संविधान की भावना का हनन किया गया, संसद की आवाज़ को दबाया गया और अदालतों को नियंत्रित करने की कोशिश की गई।आदि मौजूद थे।
वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष हरीश डंगवाल ने कहा भारत के लोकतांत्रिक इतिहास पर काला अध्याय आपातकाल वर्ष 1975 में 25जून ही के दिन कांग्रेस सरकार द्वारा देश पर थोपा गया था यह वह समय था जब अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता नागरिकों के अधिकारों और संवैधानिक मूल्यों को कुचल दिया गया था।
पूर्व जिला मीडिया प्रभारी विजय पाल मखलोगा ने इस अवसर पर कहा दमन के बावजूद लोकतंत्र की पुनर्स्थापना हेतु जिन समर्पित राष्ट्र भक्तों ने अदम्य साहस और अटूट संकल्प के साथ संघर्ष किया उन सभी पुण्य आत्माओं को इस अवसर पर शत-शत नमन करते हैं।
इस अवसर पर वरिष्ठ भाजपा नेता जयवीर चौहान राजेंद्र सिंह गंगाडी महावीर नेगी प्रताप सिंह राणा बालशेखर नौटियाल रजनीश चौहान राममोहन उनियाल नितिन पयाल गौतम रावत विनोद नेगी आषुतोष पयाल सुरेंद्र पंवार।

