मानसून के दृष्टिगत हर्षिल में बाढ़ सुरक्षा कार्यों का एसपी ने किया निरीक्षण, अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
उत्तरकाशी – मानसून अवधि में हर्षिल क्षेत्र से होकर बहने वाली भागीरथी नदी के जलस्तर में निरंतर वृद्धि एवं नदी के बहाव से कोतवाली हर्षिल व बस्ती क्षेत्र की ओर हो रहे भूमि कटाव को देखते हुए नदी तट पर बाढ़ सुरक्षा एवं चैनलाईजेशन के कार्य युद्धस्तर चल रहे हैं। सुरक्षा की दृष्टि से मानसून अवधि के दौरान कोतवाली हर्षिल को अस्थायी रूप से लोक निर्माण विभाग के हर्षिल विश्राम भवन में स्थानांतरित किया गया है।
पुलिस अधीक्षक उत्तरकाशी कमलेश उपाध्याय द्वारा स्थल भौतिक निरीक्षण कर बाढ़ सुरक्षा कार्यों की प्रगति का जायजा लिया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने तथा निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए।
पुलिस अधीक्षक द्वारा नदी तट पर चल रहे जल निकासी, चैनलाईजेशन, सुरक्षा दीवार एवं वायरक्रेट निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश देते हुए कहा कि मानसून के दौरान नदी के बढ़ते जलस्तर एवं संभावित खतरे को देखते हुए किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता स्वीकार्य भारी पड़ सकती है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि नदी के बहाव से हो रहे भूमि कटाव को रोकने के लिए सभी सुरक्षात्मक कार्य प्रभावी एवं समयबद्ध तरीके से पूर्ण किए जाएं, जिससे स्थानीय बस्ती, कोतवाली परिसर तथा क्षेत्र में स्थित होटल एवं अन्य प्रतिष्ठानों की सुरक्षा हर हाल में सुनिश्चित की जा सके। पुलिस जवानो को नदी के जलस्तर की निगरानी तथा जलस्तर बढने व आवश्यकता पडने पर बस्ती क्षेत्र को खाली करवाने के निर्देश दिये गये।
उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को मौके पर सतत मॉनिटरिंग बनाए रखने, कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने तथा संभावित आपदा की स्थिति से निपटने के लिए सभी संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने के निर्देश भी दिए।
निरीक्षण के दौरान उप सेनानायक सुनील कुमार(NDRF), सहायक सेनानायक राजू एस धपोला(NDRF), प्रभारी निरीक्षक हर्षिल सहित, सिंचाई विभाग, पुलिस एवं राजस्व विभाग के अधिकारी एवं ठेकेदार उपस्थित रहे।
