ग्राम उपला देवरा में भागवत कथा के तीसरे दिन ध्रुव भक्त की कथा का हुआ भावपूर्ण वर्णन
पुरोला (उपला देवरा)- ग्राम उपला देवरा में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा व्यास डा०- किशोरी रतूड़ी शास्त्री ने श्रद्धालुओं को भागवत ज्ञान का अमृतपान कराया। कथा के दौरान उन्होंने राजा परीक्षित और शुकदेव जी के संवाद का विस्तार से वर्णन करते हु
ए बताया कि किस प्रकार राजा परीक्षित ने जीवन के अंतिम समय में भगवान की भक्ति और मोक्ष का मार्ग प्राप्त किया।
ध्रुव भक्त की प्रेरणादायक कथा सुनाते हुए कहा कि दृढ़ संकल्प, श्रद्धा और भगवान के प्रति अटूट विश्वास से असंभव कार्य भी संभव हो जाते हैं। उन्होंने बताया कि बालक ध्रुव ने कठोर तपस्या कर भगवान विष्णु को प्रसन्न किया और अखंड यश प्राप्त किया। ध्रुव की भक्ति आज भी संसार के लिए आदर्श मानी जाती है।
कथा के दौरान भजनों और संकीर्तन से पूरा पंडाल भक्तिमय वातावरण में सराबोर रहा। घ्यानियों ने अपने बचपन को भी याद करते सभी को भावुक किया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण कर धर्म लाभ प्राप्त किया। श्रद्धालुओं ने ध्रुव भक्त की कथा से प्रेरणा लेकर अपने जीवन में भक्ति, संयम और सदाचार अपनाने का संकल्प लिया।
अंत में आरती एवं प्रसाद वितरण के साथ तीसरे दिन की कथा का समापन हुआ।

